1. गैस्ट्रो-इंटेस्टाइनल हेल्थ
काली इलायची का गैस्ट्रो-इंटेस्टाइनल की कार्य प्रणाली पर बहुत ज्यादा साकारात्मक असर होता है। अपने गुणों के कारण इलायची गैस्ट्रिक और इंटेस्टाइनल ग्लांड को उत्तेजित कर जरूरी द्रव्य के स्राव में मदद करता है। साथ ही यह द्रव्य के स्राव की प्रक्रिया को भी दुरुस्त रखता है, ताकि पेट के मौजूद एसिड को नियंत्रण में रखा जा सके। इससे गैस्ट्रिक अल्सर या दूसरे पाचन संबधी बीमारियों का खतरा काफी कम जो जाता है।
